प्रेमिका की हत्या कर घर में ही दफना दिया था शव, ऊपर से लगा दिया सीमेंट का प्लास्टर

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सनसनी ऑफ़ इंडिया नेटवर्क
मध्य प्रदेश, खरगोन।
आपको अभिनेता अजय देवगन अभिनीत फिल्म ‘दृश्यम’ तो याद होगी, जिसमें एक युवती अपनी मां की मदद से एकतरफा प्यार कर रहे युवक की हत्या कर उसका शव घर में ही दफना देती है। कुछ ऐसा ही मामला खरगोन के मोहनखेड़ी गांव में सामने आया है। बस अंतर यह है कि यहां प्रेमी ने अपनी प्रेमिका की हत्या कर शव काे न केवल दफना दिया, बल्कि उसके ऊपर सीमेंट का पक्का प्लास्टर भी कर दिया ताकि उसकी करतूत किसी को पता न चले।

महिला छाया पिछले माह 24 दिसंबर से लापता थी। 30 दिसंबर को उसकी गुमशुदगी भी दर्ज की गई। दूसरी तस्वीर में युवक संतोष भी परिवार समेत फरार है।

24 दिसंबर से लापता इस महिला का शव करीब एक महीने बाद बुधवार को उसी के प्रेमी के घर में खुदाई के दौरान मिला। महिला की गुमशुदगी की रिपोर्ट भी थाने में दर्ज थी। परिजन ने शंका के आधार पर प्रेमी के घर पर खुदाई करवाई। इसके बाद यह हैरान करने वाला सच सबके सामने आया। फिलहाल प्रेमी और उसका परिवार फरार है। गुरुवार को शव का पोस्टमार्टम कर विसरा जांच के लिए भेजा गया है। डीआईजी तिलक सिंह ने पूरे मामले की जानकारी ली है। पुलिस प्रेमी की तलाश कर रही है, उसके पकड़े जाने पर ही मामले का खुलासा हो सकेगा। पुलिस के अनुसार 29 साल की छाया बीते पांच साल से अपने पिता भाईराम के साथ रह रही थी। एक माह पहले वह घर से पिता को यह कहकर निकली कि बर्तन मांजने जा रही है। उसके वापस नहीं लौटने पर पिता ने 30 दिसंबर को गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई।

पड़ोसियों के सुराग पर मिली दफन की हुई लाश
पिता ने अपनी शिकायत में गांव के ही संतोष पिता किशोर गोलकर से बेटी के प्रेम प्रसंग होने की बात कही थी। इस आधार पर पुलिस ने संतोष की तलाश की, लेकिन घर पर ताला लगा मिला। इसके बाद परिजनों के दबाव और पड़ोसियों के यह कहने पर कि उन्होंने कुछ दिन पहले इस घर से गड्‌ढा खोदने की आवाज सुनी थी, पुलिस ने घर के एक कमरे में दो से ढाई फीट तक खुदाई भी की, लेकिन कोई सुराग न मिलने पर खुदाई बंद कर दी। इसके बाद भाईराम ने भील समाज के वरिष्ठ जयसिंह वारिया से चर्चा की। उनके दबाव पर 25 जनवरी को दोबारा खुदाई के आग्रह किया गया। इस पर पुलिस ने 27 जनवरी को फिर से खुदाई करने की बात कही।

दूसरी बार महिला के प्रेमी संतोष के घर खुदाई की गई। घर के अंदर तीसरे कमरे में खुदाई हुई, तो करीब 3 फीट गहराई में पहले बाली और चप्पलें और फिर लाश मिली।

पहले कान की बाली, चूड़ी व चप्पल दिखे
जिस कमरे में दबा हुआ शव मिला, वहां प्लास्टर किया हुआ था। आशंका है कि आरोपी ने अपना अपराध छुपाने के लिए कमरे को प्लास्टर कर पहले जैसी स्थिति में ला दिया। पुलिस ने जब कमरे की तलाशी ली तो ताजा प्लास्टर की वजह से उसे संदेह हुआ। इसके बाद भी पहली खुदाई में कुछ न मिलने पर वह असफल रही। लेकिन जब बुधवार को दोबारा खुदाई की गई, तो पहले कान की बाली, फिर चूड़ी व चप्पल मिलीं। इसके बाद करीब 4 फीट तक खुदाई करने के बाद महिला का शव निकला। एसडीओपी प्रवीण कुमार उइके समेत टीआई व नायब तहसीलदार मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक अधिकारी डॉ. सुनील मकवाने ने भी साक्ष्य जुटाए।

रात में ही महिला का शव पुलिस ने बरामद कर लिया। शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भिजवाया। यहां पीएम के बाद विसरा रिपोर्ट जांच के लिए भेजी है।

5 साल से प्रेमी, प्रेमिका अपने परिवारों से अलग रह रहे थे
छाया का विवाह हो चुका है। उसके दो बच्चे भी हैं। वह पिछले करीब 5 साल से पति से अलग होने के बाद पिता के पास भीकनगांव में रह रही थी। पेशे से मजदूर संतोष भी शादीशुदा है। पिछले 5 साल से उसकी पत्नी भी उसे छोड़कर 4 बच्चों के साथ मायके में रह रही है।