सनसनी ऑफ़ इंडिया नेटवर्क
नई दिल्ली। सुशांत सिंह राजपूत सुसाइड केस में सीबीआई की टीम मामले के करीब तक पहुंचने का हरसंभव प्रयास कर रही है. सुशांत के फैन्स को अब इस बात का भरोसा धीरे-धीरे हो रहा है कि सुशांत केस में सीबीआई के आने से सच सामने आएगा. ये बात सच है कि मामले में सीबीआई की एंट्री जरा देरी से हुई और इस वजह से कई सारे तथ्य नष्ट हो गए. मगर अब ताजा रिपोर्ट्स की मानें तो सीबीआई की CFSL लैब सुशांत की साइकोलॉजिकल ऑटोप्सी करने की तैयारी में है.

बता दें कि देश मे तीसरी बार किसी बहुचर्चित मामले में सीबीआई की CFSL टीम साइकोलॉजिक ऑटोप्सी करेगी. इसके पहले सुनंदा पुष्कर केस और दिल्ली में बुराडी में हुई 11 आत्महत्याओं में साइकोलॉजिकल ऑटोप्सी हुई थी. साइकोलॉजिकल ऑटोप्सी में सीबीआई की फोरेंसिक टीम सुशांत के दिमाग का अध्ययन करेगी. सीबीआई की फोरेंसिक टीम सुशांत के लिखे नोट्स, किताब, व्हाट्सएप मेसेज चैट और सोशल मीडिया पर लिखी हुई तमाम पोस्ट का अध्ययन करेगी.

करीबियों से सुशांत के व्यवहार के बारे में जानकारी हासिल करेगी सीबीआई
सुशांत के परिवार दोस्तों करीबियों और उनके साथ रहने वाले कर्मचारियों से सुशांत की मनोदशा और व्यवहार के बारे में जानकारी हासिल की जाएगी. सुशांत की मौत के दिन से लेकर पहले के कुछ दिनो में सुशांत के व्यहवार रहन-सहन, दिनचर्या का सीबीआई अध्ययन करेगी. बता दें कि ऐसा माना जा रहा है कि सुशांत सिंह की मौत का सच सामने लाने में ये ऑप्टसी बहुत महत्वपूर्ण साबित होगी. सीबीआई की फोरेंसिक टीम एक तरह से सुशांत के दिमाग का पोस्टमार्टम करेगी. अब देखने वाली बात होगी कि इससे सीबीआई को क्या मदद मिलेगी.