इसी अपार्टमेंट की 8वीं मंजिल से कूद गुलशन, उसकी पत्नी और एक अन्य महिला ने आत्महत्या की।

विजय कुमार दिवाकर
गाजियाबाद

इंदिरापुरम सुसाइड केस: हाउसकीपिंग की महिला का कहना है कि मृतक परिवार काफी मिलनसार था।

गाजियाबाद के इंदिरापुरम में कृष्णा अप्रा सफायर सोसायटी। फ्लैट नंबर A-806। कल तक इस फ्लैट में सबकुछ सामान्य था, लेकिन मंगलवार सुबह फ्लैट के अंदर दिल कंपाने वाला सीन था। बिस्तर पर 18 साल की बेटी और 13 साल का बेटा बेजान पड़े थे। दीवार पर चिपके 500 के नोट हैरानी पैदा कर रहे थे। इंदिरापुरम में यह वही फ्लैट है, जहां मंगलवार तड़के एक कपल और एक अन्य महिला ने खुदकुशी की। सबसे चौंकाने वाली बात यह थी कि फ्लैट में परिवार का पालतू खरगोश भी मृत पड़ा था। पुलिस इस मर्डर और सूइसाइड केस से हैरान है।

घर की दीवारों पर चिपकाए बाउंस चेक
पुलिस जब फ्लैट में घुसी तो हैरान रह गई। फ्लैट की दीवारों पर सूइसाइड नोट के साथ ही 500 रुपये के नोट भी चिपकाए गए थे। इसके साथ भी दीवारों पर कुछ बाउंस चेक भी चिपके हुए मिले। घर के पालतू खरगोश की भी हत्या की गई। पुलिस के मुताबिक सूइसाइड नोट में दंपती ने राकेश वर्मा नाम के एक शख्स पर आरोप लगाया है। बताया जा रहा है कि राकेश वर्मा पत्नी की बहन का पति है। पुलिस फिलहाल सबूतों की जांच कर रही है।

मारने से पहले बच्चों को दिया था जहर का इंजेक्शन
शहर के एसपी मनीष मिश्रा ने बताया कि आत्महत्या करने से पहले दंपति ने सोमवार रात को अपने बेटे ऋतिक (17) और बेटी कृतिका (18) को जहर का इंजेक्शन दे दिया। उन्होंने बताया कि यह घटना गुलशन, उसकी पत्नी और संजना के बीच वित्तीय विवाद और कथित तौर पर विवाहेत्तर संबंध को लेकर झगड़े के बाद हुई।

मृतकों के शव।

मृतक के भाई का आरोप, 2 करोड़ के लेनदेन के कारण खुदकुशी
मृतक गुलशन के भाई का आरोप है कि 2 करोड़ के लेनदेन में हुई गड़बड़ी के कारण उनके भाई ने परिवार के साथ खुदकुशी। साइसाइड नोट में मौत का जिम्मेदार किसी राकेश वर्मा नाम के शख्स को बताया गया है। सूइसाइड नोट में लिखा है कि परिवार के पांचों सदस्यों का अंतिम संस्कार एक ही जगह पर किया जाना चाहिए। जांच के लिए पहुंचे एसएसपी सुधीर कुमार सिंह ने बताया कि घर से सूइसाइड नोट बरामद हुआ है और फिलहाल परिवार को सूचना दी गई है। हम अभी जांच कर रहे हैं। मृतक बेटी कृतिका की उम्र 18 साल है और बेटे की उम्र 13 साल बताई जा रही है।

दीवार पर लिखा सुसाइड नोट

आर्थिक तंगी के कारण उठाया यह कदम
मृतक का नाम गुलशन है और मरनेवाली दोनों महिलाओं का नाम गुलशन परवीन और संजना है। दोनों को ही गुलशन की पत्नियां बताया जा रहा है। मरने वाले दोनों बच्चों के नाम कृतिका और रितिक हैं। माना जा रहा है कि इन लोगों ने यह कदम आर्थिक तंगी की वजह से उठाया है।

रमेश अरोड़ा

गुलशन ने बेटा-बेटी की हत्या के बाद इन्हें वीडियो कॉल कर दिखाए शव
गाजियाबाद में जींस कारोबारी परिवार की हत्या और आत्महत्या मामले में मृतक गुलशन के एक गहरे मित्र और बिजनेस पार्टनर का बयान सामने आया है, जिसने सबको चौंका कर रख दिया है। उन्होंने बताया कि गुलशन ने बच्चों की हत्या के बाद उन्हें वीडियो कॉल की थी। जानिए उस वीडियो कॉल में गुलशन ने अपने इस मित्र को क्या दिखाया था और फिर सॉरी क्यों बोला….
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, जिस शख्स को गुलशन ने बेटा-बेटी की हत्या के बाद वीडियो कॉल की थी, वह झिलमिल निवासी रमेश अरोड़ा हैं। रमेश अरोड़ा गुलशन के गहरे मित्र और बिजनेस पार्टनर भी बताए जा रहे हैं। रमेश ने बताया कि दोनों बच्चों की हत्या करने के बाद सुबह 4:30 बजे गुलशन ने उन्हें वीडियो कॉल की थी। वीडियो कॉल में गुलशन ने रमेश को गला कटा बेटा और गला दबाकर मारी गई बेटी के शव भी दिखाए थे। यह देखकर रमेश अरोड़ा हक्के-बक्के रह गए और उन्होंने गुलशन से तमाम मिन्नतें की थीं कि पैसों का उतार-चढ़ाव चलता रहता है। इस तरह की घटना मत कर। हालांकि गुलशन ने उनकी एक न सुनी और सॉरी बोलकर कॉल डिस्कनेक्ट कर दी। इसके बाद उसने अपनी पत्नी परवीन और महिला मित्र व मैनेजर संजना के साथ फ्लैट से नीचे छलांग लगा दी।

फ्लैट के अंदर का दृश्य
जांच करते पुलिस अधिकारी

कौन है राकेश वर्मा, जो है पांच मौतों का जिम्मेदार
फ्लैट के अंदर दीवार पर सुसाइड नोट लिखा मिला है। ‘सुसाइड नोट में लिखा है, ‘ये हमारी क्रिया कर्म के पैसे, हमारी पांचों की आखिरी तमन्ना है कि हमारी लाशों को एक साथ जलाएं। हमारी मौत का जिम्मेदार ये है राकेश वर्मा।’ दो करोड़ का लेन-देन उसके सगे साढ़ू राकेश वर्मा के साथ था। जिस राकेश वर्मा को घटना के लिए जिम्मेदार बताया गया है, वह साहिबाबाद के शालीमार गार्डन का रहने वाला बताया जा रहा है। चेक बाउंस के मामले में वह जेल भी जा चुका है। सुसाइड नोट के साथ ही शवों के क्रिया कर्म के लिए 500-500 के नोट भी दीवार पर चिपकाकर छोड़े गए थे। 500 के नोटों के साथ ही एक बाउंस चेक भी छोड़ा गया था।

जांच करते पुलिस अधिकारी

जानिए, कारोबारी ने सुसाइड नोट के साथ क्यों चिपकाए 500 के नोट
जिस वक्त पुलिस फ्लैट में अंदर पहुंची तो वहां का नाजारा देख हैरान रह गई। फ्लैट की दीवार पर सुइसाइड नोट लिखा था। इसके साथ ही 500 रुपये के नोट भी चिपके थे। इसके साथ ही दीवार पर कुछ बाउंस चेक भी चिपके मिले। एसपी सिटी मनीष मिश्र के मुताबिक दीवार पर 500-500 के 10 हजार के नोट चिपकाए गए थे। गुलशन कुमार सुसाइड नोट में अंतिम इच्छा जताई है। दीवार पर लिखा है कि ‘हमारी तमन्ना है कि लाशों को एक साथ जलाएं…’इसके अलावा लिखा था कि ये रुपये उन सब के अंतिम क्रिया-कर्म के हैं।

रीतिका के दोस्त बोले- एक दिन पहले डिएक्टीवेट हुआ फेसबुक व इंस्टाग्राम
गुलशन का बेटा ऋतिक डीएवी श्रेष्ठ विहार दिल्ली में 9वीं का छात्र था। ऋतिक और उसकी बहन रीतिका के दोस्त भी उनकी मौत की खबर पाकर पहुंचे। रीतिका के दोस्तों ने बताया कि उसने कल शाम ही अपना फेसबुक और इंस्टाग्राम डिएक्टिवेट कर दिया था। उसका, उसकी मां का मोबाइल नम्बर भी बंद था। आज सुबह कॉल किया तो इंस्पेक्टर इंदिरापुरम ने फोन उठाया और घटना की जानकारी दी।

बिल्डिंग के सिक्यॉरिटी गार्ड

मौके पर मिली जहर की गोलियां
मौके पर पहुंची पुलिस को फ्लैट से जहर की गोलियां, तीन गिलास में कुछ तरल पदार्थ और सिरिंज मिला है। इन सभी को जांच के लिए भेज दिया गया है। इन सभी के मिलने से संभावना है कि गुलशन ने प्लानिंग के तहत इतना बड़ा कदम उठाया। ऐसा नहीं है कि उन्होंने एकाएक खुदकुशी की।

मृतक गुलशन

व्हाट्सएप पर मिला वीडियो ने तोड़ा दिल
पुलिस की जांच में पता चला है कि कोलकाता में स्थित सिटी लाइफ फर्म में गुलशन ने 65 लाख में माल बेचा था। फर्म की तरफ से सिर्फ पांच लाख रुपये ही मिले थे बाकी बकाया था। वे सोमवार रात को फ्लाइट से कोलकाता जाने वाले थे। लेकिन इससे पहले उनके व्हाट्सएप पर किसी ने एक वीडियो भेजा। वीडियो में बताया गया कि सिटी लाइफ फर्म को दबंग लोग चलाते हैं और उनका पेशा ही लोगों के साथ धोखाधड़ी करना है। ये लोग पहले भी साढ़े चार सौ (4500) करोड़ की धोखाधड़ी अन्य लोगों से कर चुके हैं। संभावना जताई जा रही है कि इस वीडियो को देखने के बाद गुलशन टूट गए। उन्हें लगा होगा कि उनके 60 लाख रुपये भी डूब गए।