नाबालिक बच्चों से चोरी कराने वाले गैंग का भंडाफोड़

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विजय कुमार दिवाकर
दिल्ली के थाना Okhla Industrial Area पुलिस ने एक ऐसे गैंग का भंडाफोड़ किया है जो ओखला, सरिता विहार व अमर कॉलोनी इलाके में नाबालिक बच्चों से चोरी की वारदातों को अंजाम दिलाता था। हाल ही में इस गैंग ने ओखला फेज वन की एक फैक्ट्री में देर रात चोरी की वारदात को अंजाम दिया था। पूरी घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। पुलिस ने इस गैंग का भंडाफोड़ करते हुए 19 वर्षीय सप्पन, कबाड़ी रईसुद्दीन और तीन नाबालिकों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से चोरी के चार बिना टूटे एसी आउटडोर यूनिट, एक रिक्शा और तार काटने के उपकरण यानी रिंच, हैकसॉ आदि जब्त किए गए हैं। इनकी गिरफ्तारी से चोरी के दस मामले सुलझ गये हैं।

दक्षिण-पूर्व जिला डीसीपी ईशा पांडेय ने बताया की दिनांक 18 फरवरी 2022 को थाना Okhla Industrial Area में राजीव खुराना ने शिकायत दी की वो डी 92/4 ओखला फेज वन में भाई पैकजिंग के नाम से business करते है। देर रात उनके ऑफिस से चार एसी आउटडोर यूनिट चोरी हो गए हैं। Okhla Industrial Area थाना प्रभारी जेके सिंह ने तुरंत एफआईआर संख्या 259/2022 अंडर सेक्शन 380/457 के तहत मामला दर्ज कर जाँच शुरू कर दी।

दक्षिण-पूर्व जिला डीसीपी ईशा पांडेय ने चोरों को दबोचने के लिए Okhla Industrial Area थाना प्रभारी जेके सिंह की सुपरविजन व एसआई राजेश कुमार के नेतृत्व में कांस्टेबल विनीत और कांस्टेबल विशाल की एक क्रेक टीम का गठन किया।

एसआई राजेश कुमार ने सबसे पहले ऑफिस में लगे सीसीटीवी फुटेज को खंगाला। सीसीटीवी फुटेज में 18 फरवरी 2022 की देर रात तीन बजकर 27 मिनट पर चोरी की वारदात को अंजाम देते चार लड़के दिखाई दिए। आप सीसीटीवी फुटेज में देख सकते है की किस प्रकार देर रात चोर चोरी की वारदात को अंजाम देने के लिए पहले रिक्शा खड़ा करते है फिर ऑफिस की दिवार पर चढ़कर एसी के आउटडोर यूनिट को तोड़कर रिक्शे में रखकर फरार हो जाते हैं। सीसीटीवी फुटेज में चोरी की वारदात तो कैद हो गई थी लेकिन अँधेरा होने के कारण चोरो की पहचान नहीं हो पा रही थी।

Okhla Industrial Area थाना प्रभारी जेके सिंह की सुपरविजन में एसआई राजेश कुमार की जाँच टीम ने हिम्मत नहीं हारी। एसआई राजेश कुमार ने सीसीटीवी फुटेज में कैद चोरों की फोटो का प्रिंटआउट निकाला और तमाम रेहड़ी पटरी वालों और सिक्योरिटी गार्ड्स से चोरों की फोटो दिखाकर उनके बारे में पूछताछ की। फोटो धुधंली थी इसलिए चोरो की पहचान नहीं हो सकी।

18 फरवरी 2022 की रात तीन बजकर 27 का क्राइम सीन के आसपास का मोबाइल डंप डाटा स्कैन किया गया। डंप डाटा में क्राइम सीन पास कुछ सस्पेक्ट मोबाइल एक्टिव दिखाई दिए। एक्टिव मोबिल की लोकेशन क्राइम सीन से एक कबाड़ी की दुकान तक जा रही थी।

Okhla Industrial Area थाना प्रभारी जेके सिंह को पूरा शक था की चोरों ने एसी के आउटडोर यूनिट चोरी करके इसी कबाड़ी को बेचें होंगे। जाँच टीम ने मुखबिरों की मदद ली और कबाड़ी पर नजर रखने को कहा।

Okhla Industrial Area थाना प्रभारी जेके सिंह का शक सही निकला। मुखबिरों से पता चला की चोरी किये एसी के आउटडोर यूनिट इसी कबाड़ी ने खरीदें है।

इनफार्मेशन कन्फर्म होते ही छापेमारी कर कबाड़ी को दबोच लिया। कबाड़ी की पहचान ओखला फेज वन निवासी रईसुद्दीन पुत्र बशीर के रूप में हुई। कबाड़ी रईसुद्दीन की निशानदेही पर चोरी की वारदात को अंजाम देने वाला ओखला फेज वन निवासी 19 वर्षीय सप्पन पुत्र लेफ्टिनेंट आशिम और तीन नाबालिकों को उनके घर से दबोच लिया। इनके पास से चोरी के चार बिना टूटे एसी आउटडोर यूनिट, एक रिक्शा और तार काटने के उपकरण रिंच, हैकसॉ आदि बरामद हुए हैं। इनकी गिरफ्तारी से थाना Okhla Industrial Area की छह अमर कॉलोनी थाने की दो और सरिता विहार थाने की एक चोरी की वारदातें सुलझ गई है।

चोरी का सामान खरीदने वाला कबाड़ी रईसुद्दीन ओखला फेज वन में कबड्डी की दुकान चलाता है। इसने चौथी कक्षा तक पढ़ाई की है।

नाबालिकों का गैंग बनाकर चोरी की वारदातों को अंजाम देने वाला आरोपी 19 वर्षीय सप्पन पुत्र लेफ्टिनेंट आशिम ओखला फेज वन में रहता है। इसने 8वीं तक पढ़ाई की है। आजीविका कमाने के लिए इसके पास करने के लिए कुछ नहीं है।

सनसनी ऑफ़ इंडिया नेटवर्क